Thursday, October 22, 2026
Homeउत्तराखंडप्रधानमंत्री से मिले सीएम धामी, उत्तराखंड आगमन का दिया निमंत्रण केन्द्र के...

प्रधानमंत्री से मिले सीएम धामी, उत्तराखंड आगमन का दिया निमंत्रण केन्द्र के सहयोग से राज्य में हो रहे है विकास के नये आयाम स्थापितः सीएम

 dipr

संवाददाता
देहरादून/नई दिल्ली। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी से मुलाकात कर उनको उत्तराखण्ड आगमन का निमंत्रण दिया।
आज यहां मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने नई दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी से शिष्टाचार भेंट की। मुख्यमंत्री ने उत्तराखण्ड के विकास के लिये केंद्र सरकार द्वारा प्रदान किए जा रहे सहयोग एवं मार्गदर्शन के लिए प्रधानमंत्री का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि केंद्र के सहयोग से राज्य विकास के नए आयाम स्थापित कर रहा है। मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री को उत्तराखंड आगमन का भी निमंत्रण प्रदान किया। मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री को टिहरी जनपद में स्थित शक्तिपीठ मां सुरकंडा देवी की रेप्लिका, बद्री गाय का घी के साथ ही राज्य के अलग— अलग जिलों से मंगाई पांच प्रकार की राजमा और शहद भेंट किए। मुख्यमंत्री ने हरिद्वार कुम्भ—2027 के लिए 500 करोड़ रुपये की सहायता, नदी जोड़ो परियोजना के अंतर्गत फिजिबिलिटी स्टडी, राजाजी नेशनल पार्क स्थित चौरासी कुटिया के विकास के लिए 100 करोड़ की स्वीकृति, पिथौरागढ़ के नैनी—सैनी हवाई पटृी हेतु एमओयू और चारधाम यात्रा के लिए सुरक्षित हेली सेवाओं हेतु संचालन में सहयोग के लिए विशेष धन्यवाद दिया। मुख्यमंत्री ने ऋषिकेश में विघुत लाइनों के भूमिगतकरण, चम्पावत बाईपास, देहरादून रिंग रोड एवं देहरादून—मसूरी रोड जैसी महत्वपूर्ण आधारभूत परियोजनाओं की स्वीकृति के लिए भी प्रधानमंत्री का आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को उत्तराखण्ड आगमन का निमंत्रण देते हुए विभिन्न परियोजनाओं के लोकार्पण एवं शिलान्यास का प्रस्ताव भी रखा। प्रस्तावित लोकार्पण में दिल्ली—देहरादून एक्सप्रेस—वे तथा टिहरी पम्प्ड स्टोरेज प्लांट शामिल हैं, जबकि शिलान्यास के लिए पंतनगर एयरपोर्ट के विस्तार एवं बनबसा लैंड पोर्ट परियोजना शामिल है। मुख्यमंत्री ने बताया कि चम्पावत जनपद के बनबसा क्षेत्र में भारत—नेपाल सीमा पर विकसित हो रहा लैंड पोर्ट व्यापार, आवागमन एवं क्षेत्रीय सहयोग को नई गति देगा तथा एशियन हाईवे से जुड़कर अंतरराष्ट्रीय कनेक्टिविटी को सुदृढ़ करेगा। मुख्यमंत्री ने “मुख्यमंत्री सौर स्वरोजगार योजना” को ग्रामीण अर्थव्यवस्था के लिए गेम चेंजर बताते हुए कहा कि इस योजना के तहत सौर ऊर्जा आधारित परियोजनाओं के माध्यम से हजारों परिवारों को स्वरोजगार मिला है। ग्रामीण उघमिता को बढ़ावा देने के लिए “मुख्यमंत्री उघमशाला योजना” के अंतर्गत हजारों उघमियों को इनक्यूबेशन सहायता प्रदान की गई है। वहीं “देवभूमि परिवार योजना” के माध्यम से राज्य के परिवारों का एकीकृत डिजिटल डेटाबेस तैयार कर योजनाओं की पारदर्शी डिलीवरी सुनिश्चित की जा रही है। मुख्यमंत्री ने बताया कि पूर्व अग्निवीरों को राज्य सेवाओं में 10 प्रतिशत आरक्षण देने हेतु “अग्निवीर आरक्षण नियमावली—2025” लागू की गई है। साथ ही “उत्तराखण्ड जन विश्वास विधेयक—2026” के माध्यम से विभिन्न अधिनियमों में संशोधन कर प्रक्रियाओं को सरल बनाया गया है तथा 500 से अधिक अप्रासंगिक कानूनों को समाप्त किया गया है। उन्होंने जानकारी दी कि राज्य में ईज ऑफ डूइंग बिजनेस को बढ़ावा देने के लिए औघोगिक, श्रम, खनन, राजस्व एवं शहरी विकास क्षेत्रों में व्यापक सुधार किए गए हैं।

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -
video
play-sharp-fill
video
play-sharp-fill

Most Popular

Recent Comments