हमारे संवाददाता
टिहरी। हत्या के मामले में लम्बे समय से फरार चल रहे रामवीर गैंग के 50 हजार के ईनामी शूटर को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। जिसे न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया गया है।
जानकारी के अनुसार बीती 7 मई को थाना मुनि की रेती को रात्रि लगभग 11 बजे सूचना मिली कि डैक्कन वैली सोसाइटी, तपोवन में एक व्यक्ति को गोली मार दी गई है तथा अज्ञात व्यक्ति स्कूटी से फरार हो गए हैं। सूचना पर तत्काल थाना कोतवाली मुनि की रेती पुलिस मौके पर पहुंची। जांच के दौरान डैक्कन वैली सोसाइटी में एक व्यक्ति खून से लथपथ अवस्था में पड़ा मिला, जिसकी पहचान नितिन देव पुत्र देवराज, निवासी फ्लैट संख्या 403, ब्लॉक—04, डैक्कन वैली, तपोवन, थाना मुनि की रेती, जनपद टिहरी गढ़वाल के रूप में हुई। मृतक नितिन देव विगत 10—12 वर्षों से तपोवन क्षेत्र में निवासरत था तथा हाइडआउट कैफे एवं भोगपुर स्थित जीवन उत्सव रिजॉर्ट का संचालक था।
घटनास्थल के निरीक्षण, आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज तथा प्रारम्भिक पूछताछ से यह तथ्य सामने आया कि मृतक की हत्या दो अज्ञात व्यक्तियों द्वारा गोली मारकर की गई तथा वे स्कूटी से फरार हो गए। घटना की गंभीरता को देखते हुए तत्काल सघन चेकिंग अभियान चलाया गया।
प्रारम्भिक जाँच में सामने आया कि डैक्कन वैली तपोवन में मृतक नितिन देव एवं विपिन नैय्यर पुत्र सुरेन्द्र कुमार नैय्यर के मध्य पूर्व से कई मामलों को लेकर रंजिश चली आ रही थी। विपिन नैय्यर द्वारा मृतक के कैफे एवं रिजॉर्ट की शिकायतें पुलिस, वन विभाग, एमडीडीए एवं एनजीटी में की गई थीं, जिसके परिणामस्वरूप कैफे को सील किया जाना भी सामने आया। जाँच में यह भी प्रकाश में आया कि विपिन नैय्यर सितंबर 2024 में कोतवाली ऋषिकेश से बलात्कार एवं पोक्सो अधिनियम के एक मुकदमे में देहरादून जेल में था। इस मुकदमे में मृतक नितिन देव द्वारा विपिन नैय्यर के खिलाफ प्रभावी पैरवी की गई थी, जिससे विपिन नैय्यर को गहरा अपमान महसूस हुआ। जनवरी 2025 में जमानत पर रिहा होने के बाद वह नितिन देव से बदला लेने की फिराक में था। बाद में दिनांक 24.04.2025 को विपिन नैय्यर ने अपनी जमानत तुड़वाकर पुनः जेल जाना स्वीकार किया, जिससे उसके द्वारा हत्या की साजिश रचे जाने की संभावना और प्रबल हुई।
जांच के दौरान यह तथ्य भी सामने आया कि देहरादून जेल में निरुद्ध रहते हुए विपिन नैय्यर की कुख्यात अपराधी रामवीर सिंह पुत्र राजपाल, निवासी कासमपुर भूमा, थाना मीरापुर, जनपद मुजफ्फरनगर (उ.प्र.) से दोस्ती हो गई थी तथा उसका रामवीर के घर आना—जाना भी रहा। विपिन नैय्यर द्वारा जमानत पर बाहर आने के बाद रामवीर के साथी बिमलेश उर्फ विकास से संपर्क किया गया तथा दो शूटरों को फर्जी पहचान पत्रों के आधार पर डैक्कन वैली सोसाइटी में मृतक के पड़ोस में फ्लैट संख्या 101, ब्लॉक—04 में किराये पर ठहराया गया। शूटरों द्वारा मृतक की कई दिनों तक लगातार रेकी की गई तथा पहचान छिपाने के लिए मास्क व हेलमेट का प्रयोग करते हुए किराये की स्कूटी से आना—जाना किया जाता था। मोबाइल कॉल डिटेल एवं पैसों के लेन—देन के विश्लेषण के आधार पर महत्वपूर्ण सुराग प्राप्त हुए और दिनांक 16 मई को सुरागरसी—पतारसी करते हुए आरोपी बिमलेश उर्फ विकास पुत्र जयप्रकाश, निवासी ग्राम सरना, थाना शाहपुर, जिला आरा (भोजपुर), बिहार को गिरफ्तार किया गया। पूछताछ में आरोपी बिमलेश ने बताया कि वह वर्ष 2019 से जेल में निरुद्ध अपराधी रामवीर सिंह एवं मनीष से परिचित है। जेल में ही नितिन देव की हत्या की सुपारी दी गई थी। हत्या की योजना के संबंध में विपिन नैय्यर से दिल्ली (कश्मीरी गेट व द्वारका मेट्रो स्टेशन) तथा ऋषिकेश में कई बार मुलाकातें हुईं। इसके बाद दो शूटरों को विपिन नैय्यर से मिलवाया गया और हत्या के एवज में मोटी रकम व मकान देने का प्रलोभन दिया गया। योजना के अनुसार 7 मई की रात पिस्टल से चार फायर कर नितिन देव की हत्या कर दी गई और आरोपी स्कूटी से फरार हो गए।
वर्तमान में रामवीर सिंह जिला कारागार देहरादून में तथा विपिन नैय्यर व प्रकाश पाण्डेय जिला कारागार नई टिहरी में बंद हैं। आरोपी प्रकाश पाण्डेय की निशानदेही पर घटना में प्रयुक्त पिस्टल एवं स्कूटी बरामद की जा चुकी है। मामले में आरोपी विक्की यादव पुत्र रामनाथ यादव, निवासी ग्राम हल्दी, थाना हल्दी, जनपद बलिया (उ.प्र.), घटना के बाद से लगातार फरार चल रहा था। उसकी गिरफ्तारी हेतु न्यायालय से एनबीडब्ल्यू एवं धारा 84 बीएनएनएस के नोटिस प्राप्त किए गए थे। जिसकी गिरफ्तारी पर 50 हजार का ईनाम घोषित था। जिसे बीती रात ग्राम हल्दी, जनपद बलिया से गिरफ्तार किया गया है।टिहरी गढ़वाल।
हत्या के मामले में फरार 50 हजार का ईनामी शूटर गिरफ्तार
